
पटना, 10 मई 2026: राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा), नई दिल्ली एवं बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देशानुसार शनिवार को व्यवहार न्यायालय, पटना एवं ज्ञान भवन, पूर्वी गांधी मैदान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। माननीय जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पटना श्री रूपेश देव की अध्यक्षता में तथा सचिव सुश्री ज्योति चन्दन के नेतृत्व में यह कार्यक्रम संपन्न हुआ।
इसमें पटना उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश श्री संगम कुमार साहू (मुख्य संरक्षक, बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार), न्यायमूर्ति श्री मोहित कुमार साह (निरीक्षक न्यायाधीश, पटना मंडल) एवं अन्य न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे। विशेष रूप से मुख्य न्यायाधीश महोदय ने 5 महिला एवं 5 पुरुष दिव्यांग व्यक्तियों को मोटराइज्ड ट्राई-साइकिल प्रदान की, जिससे उनके जीवन को सुगम बनाने का प्रयास किया गया।
श्री रूपेश देव ने बताया कि पटना सदर के अलावा पटना मंडल के पटना सिटी, दानापुर, बाढ़, मसौढ़ी एवं पालीगंज में भी लोक अदालतें आयोजित हुईं। पटना सदर में 49 पीठासीन अधिकारी गठित किए गए, जबकि पूरे मंडल में कुल 84 पीठ बनीं।
मामलों का निपटारा एवं वसूली:
ट्रैफिक चालान: 10,119 मामले निपटे, परिवहन विभाग को ₹58,08,801 वसूली।
बैंक/बीएसएनएल: 783 मामले, ₹59,37,251 वसूली।
सुलहनीय आपराधिक मामले: 3,584।
एमएसीडी (मोटर एक्सीडेंट क्लेम): 5
।दिवानी विवाद: 2।
138 एनआई एक्ट: 768।
श्रम वाद: 3, वैवाहिक: 1, विद्युत (पेसु): 542।
कुल 4,905 पोस्ट एवं प्री-लिटिगेशन मामले निपटे। न्यायिक अधिकारी, जिला अधिवक्ता संघ, पैनल वकील, पारा-लीगल स्वयंसेवक एवं बैंक अधिकारियों (भारतीय स्टेट बैंक सहित) की भूमिका सराहनीय रही। लोगों में उत्साहजनक भागीदारी देखी गई।
यह आयोजन न्यायिक प्रक्रिया को सरल बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
